EMRS Principal Bribe मामले में CBI का बड़ा एक्शन
रिश्वत का जाल: EMRS Principal Bribe मामले में ओडिशा के नुआपड़ा से चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय के प्राचार्य सी. कृष्ण मूर्ति नायडू को CBI ने 12 हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया।
सेवा विस्तार के बदले रकम: आरोप है कि प्राचार्य ने विद्यालय में कार्यरत एक महिला सहायक नर्स मिडवाइफ यानी ANM की सेवा अवधि बढ़ाने की सिफारिश करने के बदले 20 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। बातचीत के बाद वह 12 हजार रुपये लेने पर सहमत हुआ।
CBI ने बिछाया जाल: शिकायत मिलने के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो ने मामले की जांच शुरू की। सात अक्टूबर 2026 की शाम CBI की आठ सदस्यीय टीम ने जाल बिछाया और आरोपी प्राचार्य को शिकायतकर्ता से 12 हजार रुपये लेते हुए रंगेहाथ पकड़ लिया।
EMRS Principal Bribe केस में कैसे हुई गिरफ्तारी?
शिकायत के बाद कार्रवाई: CBI के अनुसार, सात अक्टूबर 2026 को इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। शिकायतकर्ता महिला ने प्राचार्य पर सेवा विस्तार की सिफारिश के बदले रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था।
12 हजार पर सौदा: शिकायत के बाद हुई बातचीत में आरोपी प्राचार्य 12 हजार रुपये लेने के लिए तैयार हुआ। इसके बाद CBI ने पूरी कार्रवाई की योजना बनाई और तय जगह पर टीम तैनात की।
रंगेहाथ गिरफ्तारी: कार्रवाई के दौरान सी. कृष्ण मूर्ति नायडू को कथित तौर पर 12 हजार रुपये लेते हुए पकड़ लिया गया। गिरफ्तारी के बाद CBI ने मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच भी शुरू कर दी।
EMRS Principal Bribe मामले में आगे क्या हुआ?
कोर्ट में पेशी: गिरफ्तारी के बाद आरोपी प्राचार्य को नुआपड़ा की स्थानीय अदालत में पेश किया गया। इसके बाद पूछताछ के लिए उसे रिमांड पर भुवनेश्वर लाया गया।
जांच जारी: CBI अब यह पता लगाने में जुटी है कि रिश्वत की मांग किन परिस्थितियों में की गई थी और क्या इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है। एजेंसी ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है और आगे की जांच जारी है।






